शारीरिक शिक्षा

लखनऊ,जेएनएन। बीआरडीमेडिकलकॉलेजगोरखपुरकेलेक्चररडॉ.कफीलखानकीमुश्किलेंफिरबढ़सकतीहैं। उत्तरप्रदेशकीयोगीसरकारनेराष्ट्रीयसुरक्षाअधिनियम(रासुका)केतहतडॉ.कफीलखानकीहिरासतकोरदकरनेकेइलाहाबादहाईकोर्टकेफैसलेकोसुप्रीमकोर्टमेंचुनौतीदीहै।राज्यसरकारकाकहनाहैकिडॉ.कफीलखानकाअपराधकरनेकापुरानाइतिहासरहाहै।यहीवजहहैकिउनकेखिलाफअनुशासनात्मककार्रवाईकीगईहै।उन्हेंनौकरीसेनिलंबितकियागया।उनकेखिलाफएफआइआरदर्जकीगईऔरउनपररासुकातकलगायागया।

उत्तरप्रदेशकीयोगीसरकारनेडॉ.कफीलखानकोनागरिकतासंशोधनकानून(सीएए),नेशनलपॉपुलेशनरजिस्टर(एनपीआर),नेशनलरजिस्टरऑफ सिटिजन(एनआरसी) केविरोधमें भड़काऊबयानमामलेमेंएनएसएकेतहतनजरबंदकियाथा।इसमामलेमेंएकसितंबर,2020 इलहाबादहाईकोर्टसेउनकोराहतमिलगईथी। हाईकोर्टनेअपनेआदेश मेंकहाथाकिएनएसएकेतहतडॉ.कफीलकोहिरासतमेंलेनाऔरइसकेबादहिरासतकीअवधिकोबढ़ानागैरकानूनीहै। हाईकोर्टकेफैसलेकेबादडॉ.कफीलखानको मथुराजेलसेरिहाकरदियागयाथा।अबयूपीसरकारहाईकोर्टकेफैसलेकेखिलाफसुप्रीमकोर्टपहुंचीहै।

यूपीसरकारनेकहा-कानूनव्यवस्थाबिगाड़नेकीकोशिशकी:योगीसरकारनेयाचिकामेंकहाहैकिडॉकफीलकोयहजानकारीदेनेकेबादभीकिअलीगढ़मुस्लिमविश्वविद्यालयकेआसपासधारा-144लागूहैऔरहाईकोर्टनेभीएएमयूके100मीटरकेदायरेमेंधरनाऔररैलीपररोकलगारखीहै,उन्होंने वहांजाकरछात्रोंकोसंबोधितकियाऔरभड़काऊभाषणदिया। उन्होंनेकानूनव्यवस्थाबिगाड़नेकीकोशिशकी।उसीभड़काऊभाषणकाहीनतीजाथाकि13दिसंबर,2019कोएएमयूकेकरीब10 हजारछात्रोंनेअलीगढ़शहरकीओरमार्चकरनाशुरूकियाथा।यदिपुलिसहिंसकछात्रोंकोसमझाकरनहींरोकतीतोसांप्रदायिकसौहार्दबिगड़नेकीआशंकाथी।राज्यसरकारकाकहनाहैकिहाईकोर्टकाफैसलासहीनहींहै।

यहहैपूरामामला:अलीगढ़मुस्लिमयूनिवर्सिटीमें12दिसंबर,2019कोनागरिकतासंशोधनकानूनकेविरोधप्रदर्शनमेंडॉ.कफीलखान,योगेंद्रयादवभीशामिलहुएथे।आरोपहैकिडॉ.कफीलखाननेवहांभड़काऊभाषणदिया।इसपरअलीगढ़केसिविललाइंसथानामेंएफआइआरदर्जकराईगईथी।29जनवरी,2020कोउन्हेंगिरफ्तारकरकेमथुराजेलभेजदियागया।10फरवरीकोसीजेएमअलीगढ़नेडॉ.कफीलकीजमानतअर्जीमंजूरकरलीलेकिन,13फरवरीकोजिलाधिकारीअलीगढ़नेरासुकाकेतहतनिरुद्धिकाआदेशदेदिया।डॉ.कफीलकीमांनेरासुकाकीवैधताकोकोर्टमेंचुनौतीदीथी,जिसकेबादहाईकोर्टसेउनकोराहतमिलगई।

डॉ.कफीलदोबारजाचुकेहैंजेल:डॉ.कफीलखानकोदोबारजेलभेजाजाचुकाहै।बाबाराघवदासअस्पतालगोरखपुरमेंऑक्सीजनकीआपूर्तिमेंबाधाउत्पन्नहोनेकेकारण10और11अगस्त2017कोदर्जनोंबच्चोंकीमौतहोगईथी।इसपरडॉ.कफीलखानकोनिलंबितकरदोसितंबर,2017कोगिरफ्तारकरकेजेलभेजदियागया,बादमेंउन्हेंजमानतमिलगईथी।फिरएएमयूमेंभड़काऊभाषणदेनेकेमामलेमें आठमहीनेतकजेलमेंरहनेकेबाद हाईकोर्ट केआदेशपर रिहाकियागया।