शारीरिक शिक्षा

चंद्रशेखरआजादकृषिएवंप्रौद्योगिकीविश्वविद्यालयकानपुरकेकृषिविज्ञानकेंद्रद्वाराधमौलीगांवमेंकृषिवैज्ञानिकोंनेदीवालीमनाई।धनतेरसएवंदीपावलीपरग्रामवासियोंनेगुरुवारकोकृषिवैज्ञानिकोंकेसाथमिलकर101दीपकजलाकरपांचसंकल्पलिएगए।इनसंकल्पमेंस्वस्थएवंस्वच्छजीवनकीकामनाकीगई।कृषिवैज्ञानिकडॉजितेंद्रसिंहनेबतायाकिपहलासंकल्पहरघरकेकोने-कोने,गलीएवंमोहल्लेमेंसाफ-सफाईरखनेहेतुसंकल्पलियागया।इसकेसाथयहभीसंकल्पलियागयाकिगांवकाहरखेतस्वस्थएवंउपजाऊबने।जिससेखेतोंकीउत्पादकताबढ़ेगीऔरगांवमेंखुशहालीआएगी।

दीवालीपरशिक्षादीपजलानेकालियासंकल्प

डॉसिंहनेबतायाकिइसकेसाथहीगांवकेहरघरकाबच्चाशिक्षितबनेजिससेवेअपनेअधिकारोंकेप्रतिजागरूकहो।उन्होंनेबतायाकिग्रामीणोंकेसाथमिलकरयहभीसंकल्पलियागयाकिमॉडलगांवकुपोषण,बेरोजगारीएवंपलायनमुक्तहो।इसकेअतिरिक्तउन्होंनेकहाकिगांवकेप्रत्येककिसानकीआयदोगुनीहोजैसेपांचसंकल्पलिएगए।गृहवैज्ञानिकडॉक्टरसाधनावैशनेबतायाकिमाडलगांवकेलोगोंमेंकाफीउत्साहदेखनेकोमिला।

कृषिवैज्ञानिकगांवकीरखतेहैनिगरानी

विश्वविद्यालयकेकुलपतिडॉक्टरडीआरसिंहनेबतायाकिविश्वविद्यालयद्वारागोदलिएगएगांवोंमेंकृषिवैज्ञानिकनिरंतरजागरूकताकार्यक्रमचलातेरहतेहै।वहअपनेअनुभवोंसेग्रामवासियोंकोलाभपहुंचारहेहैं।उन्होंनेकहाकिनिश्चितरूपसेग्रामीणोंववैज्ञानिकोंकीओरसेलिएगएसंकल्पसफलहोंगे।भविष्यमेंवेकृषिआधारितउद्योगअपनाकरआत्मनिर्भरएवंस्वावलंबीबनसकेंगे।

By Craig